ग्राम-युग्म अवधारणा के साथ मधुबनी लिटरचेर फेस्टिवल 24 से 27 दिसंबर तक

नई दिल्ली। ग्राम-युग्म अवधारणा के साथ मधुबनी लिटरेचर फेस्टिवल राजनगर और सौराठ, दोनों ऐतिहासिक सांस्कृतिक महत्व के स्थलों को लेकर आयोजन की रूपरेखा तैयार की गई है। इस परिकल्पना को धरातल पर उतारते हुए मधुबनी लिटरेचर फेस्टिवल 2019 का आयोजन सेन्टर फॉर स्टडीज ऑफ ट्रेडिशन...

कितना साइंटिफिक है ताम्बे के बर्तन में खाना बनाना

टीम हिन्दी सेहतमंद खाना पकाने के लिए आप तेल-मसालों पर तो पूरा ध्यान देते हैं, पर क्या आप खाना पकाने के लिए बर्तनों के चुनाव पर भी ध्यान देते हैं? अगर आपका जवाब न है तो आज से ही इस बात पर भी ध्यान देना...

प्रेस एसोसिएशन की नई कार्यकारिणी के चुनाव नतीजे आए

प्रेस एसोसिएशन के चुनाव नतीजे आ गए हैं। पीआईबी एक्रीडिएटेड-प्रत्यातित पत्रकारों की इस संस्था के चुनाव में जयशंकर गुप्ता अध्यक्ष, आनंद मिश्रा उपाध्यक्ष, सीके नायक महासचिव, कल्याण बरूआ संयुक्त सचिव व संतोष ठाकुर कोषाध्यक्ष चुने गए हैं। वहीं कार्यकारिणी सदस्यों में ए.बी. खां, केपी मलिक,...

रहीम के दोहे में सामाजिक समरसता

टीम हिन्दी दोहे की प्रकृति ‘गागर में सागर’ भरने की होती है। दिल की जितनी गहराई से उठा भाव दोहे की शक्ल लेता है, उतना ही गहरा होता है उसका घाव। रहीम के दोहों में ये दोनों खूबियाँ हैं। उनमें तेज धार है और ग़जब...

नानाजी देशमुख: समाजसेवा के लिए जिन्होंने अपना सबकुछ छोड़ा

टीम हिन्दी जब तक व्यक्ति में स्व का भाव होता है, वह समाज और देश के लिए विशेष नहीं कर सकता है। स्व यानी अपना। स्वयं का। अपनों का। जिसने भी अपना स्व छोड़ा, उसने एक बड़ी लकीर खींची। ऐसे ही बड़ी लकीर खींची समाजसेवी...

लग्जीरियस ब्रांड का बढ़ता दबाव

टीम हिन्दी पहनने का कोई आइटम हो या रोजाना यूज किए जाने वाले प्रोडक्ट। यूथ को तो बस ब्रांडेड ही चाहिए। और ब्रांडेड न सही तो उसके नाम वाला डुप्लीकेट मॉल भी चल जाएगा, बस दिखना ओरिजनल चाहिए। ब्रांडेड आइटम का इतना ज्यादा क्रेज क्यों...

राजनीति के शिखर पुरुष भारत रत्न प्रणब मुखर्जी

टीम हिन्दी पूर्व राष्ट्रपति प्रणब मुखर्जी को भारत रत्न मिलना यह साबित करता है कि राजनीतिक और सार्वजनिक जीवन में उन्होंने किस प्रकार से सिद्धांत और शुचिता का निर्वहन किया. सर्वोच्च नागरिक सम्मान 'भारत रत्न' से अब तक देश की 48 हस्तियों को सम्मानित किया...
Rakhi Ke Mahen Dhagon Se Majabot Hote Hain Www.thehindi.in

राखी के महीन धागों से मजबूत होते रिश्ते

  टीम हिन्दी संबंध को आप केवल खून के तराजू पर ही नहीं तौल सकते हैं। संबंधों तो मन का होता है। मन से मन मिल गया, सोच एक जैसी हो गई, तो खून के संबंध पर स्वयं बनाए हुए संबंधों पर भारी पड़ते हैं।...

जालियावाला बाग: अभी बांकी है स्वंतंत्रता आन्दोलन के निशान

टीम हिन्दी भारत के स्वतंत्रता आंदोलन की बात हो और जालियावाला बाग का जिक्र न हो, यह संभव नहीं है. अमृतसर में प्रसिद्ध स्वर्ण मंदिर के बगल में यह क्षेत्र देश-विदेश के लोगों के लिए पर्यटन स्थल बन चुका है. लोग यहां आते हैं और...

अनुभव और तजुर्बे को सम्मान देने का नाम है ‘हेल्दीएजिंग इंडिया’

हेल्दीएजिंग इंडिया एक गैर सरकारी संस्था है, जो वरिष्ठ नागरिकों के लिए सम्मानजनक और सक्रिय रहने की दृष्टि के साथ काम कर रहा है। एनजीओ के जरिए कई ऐसे कार्यक्रम चलाए जा रहे हैं, जो वरिष्ठ नागरिकों, वंचितों और बच्चों के समग्र शिक्षा और स्वास्थ्य...

रक्षाबंधन पर राज्य सूचना आयुक्त हिमांशु शेखर चौधरी ने की नई शुरुआत

भाई-बहन के पवित्र त्योहार रक्षाबंधन पर झारखंड के राज्य आयुक्त श्री हिमांशु शेखर चौधरी ने एक नई शुरुआत की है. उन्होंने राज्य सूचना आयोग में कार्यरत सभी बहनों से राखीं बंधवाया और पर्यावरण संरक्षण का संदेश दिया. उन्होंने बहनों को उपहार में पौधा दिया और...

हिन्दी के पुरोधा महेश चंद्र शर्मा पुस्तक का हुआ विमोचन

पूर्व केंद्रीय मंत्री डॉ. महेश शर्मा ने कहा कि कोई भी विद्यार्थी जब अपनी मातृभाषा में शिक्षा ग्रहण करता है, तो उसे जल्दी और बेहतर समझ आती है. यह कई शोधों में भी सिद्ध हो चुका है. जब कोई हिन्दी भाषी राज्य का लड़का इंजीनियरिंग...

अटल जी की कविता और आजादी का स्वर

टीम हिन्दी देश के पूर्व प्रधानमंत्री अटल बिहारी वाजपेयी एक अच्छेक राजनेता के साथ ही बहुत अच्छे कवि भी थे. संसद से लेकर अन्यत मौकों पर अपनी चुटीली बातों को कहने के लिए अक्सर कविताओं का इस्तेंमाल करते थे. उनका मौकों के हिसाब से कविताओं...

कहां है चंद्रशेखर आजाद का गांव ?

टीम हिन्दी भारतीय स्वतंत्रता संग्राम के महानायक कहे जाने वाले शहीद चंद्रशेखर आजाद का जन्म 23 जुलाई 1906 को मध्य प्रदेश के झाबुआ जिले के भाबरा गांव में हुआ था, जिसे अब 'आजादनगर' के नाम से जाना जाता है. शहीद चंद्रशेखर आजाद जी के पिता...

हुसैनीवाला, जहां है भगत सिंह की समाधि

टीम हिन्दी आप कट्टर से कट्टर राष्ट्रद्रोही को राष्ट्रीय शहीद स्मारक यानी जिधर शहीद-ए-आजम भगत सिंह और उनके दो साथियों राजगुरु और सुखदेव को फांसी दी गई थी, पर ले आइये. यकीन मानिए कि इधर का सारा मंजर और फिजाओं में राष्ट्र भक्ति और प्रेम...