पुरानी बातें

मलिक मुहम्मद जायसी: अमर कृतियों के रचयिता

टीम हिन्दी मलिक मुहम्मद जायसी भक्तिकाल की निर्गुण प्रेमाश्रयी शाखा व मलिक वंश के कवि है। जायसी अत्यंत उच्चकोटि के सरल और उदार सूफ़ी महात्मा थे। हिन्दी के प्रसिद्ध सूफ़ी कवि, जिनके लिए केवल 'जायसी' शब्द का प्रयोग भी, उनके उपनाम की भाँति, किया जाता...

दो पीढ़ियों के वैचारिक अंतर को पाटना है बेहद जरूरी

टीम हिन्दी समय के साथ परिस्थितियां, आवश्यकताएं, सोच-विचार, जीवन-शैली सभी में परिवर्तन हो रहा है और परिवर्तन की मांग प्रबल भी हो रही है। जो समय के साथ नहीं बदल सकते, वो जीवन के दौर में पीछे छूट सकते हैं। पुरानी पीढ़ी पुराने मूल्यों, परंपराओं...

कितना साइंटिफिक है ताम्बे के बर्तन में खाना बनाना

टीम हिन्दी सेहतमंद खाना पकाने के लिए आप तेल-मसालों पर तो पूरा ध्यान देते हैं, पर क्या आप खाना पकाने के लिए बर्तनों के चुनाव पर भी ध्यान देते हैं? अगर आपका जवाब न है तो आज से ही इस बात पर भी ध्यान देना...

रहीम के दोहे में सामाजिक समरसता

टीम हिन्दी दोहे की प्रकृति ‘गागर में सागर’ भरने की होती है। दिल की जितनी गहराई से उठा भाव दोहे की शक्ल लेता है, उतना ही गहरा होता है उसका घाव। रहीम के दोहों में ये दोनों खूबियाँ हैं। उनमें तेज धार है और ग़जब...

नानाजी देशमुख: समाजसेवा के लिए जिन्होंने अपना सबकुछ छोड़ा

टीम हिन्दी जब तक व्यक्ति में स्व का भाव होता है, वह समाज और देश के लिए विशेष नहीं कर सकता है। स्व यानी अपना। स्वयं का। अपनों का। जिसने भी अपना स्व छोड़ा, उसने एक बड़ी लकीर खींची। ऐसे ही बड़ी लकीर खींची समाजसेवी...

हिन्दी के पुरोधा महेश चंद्र शर्मा पुस्तक का हुआ विमोचन

पूर्व केंद्रीय मंत्री डॉ. महेश शर्मा ने कहा कि कोई भी विद्यार्थी जब अपनी मातृभाषा में शिक्षा ग्रहण करता है, तो उसे जल्दी और बेहतर समझ आती है. यह कई शोधों में भी सिद्ध हो चुका है. जब कोई हिन्दी भाषी राज्य का लड़का इंजीनियरिंग...

अटल जी की कविता और आजादी का स्वर

टीम हिन्दी देश के पूर्व प्रधानमंत्री अटल बिहारी वाजपेयी एक अच्छेक राजनेता के साथ ही बहुत अच्छे कवि भी थे. संसद से लेकर अन्यत मौकों पर अपनी चुटीली बातों को कहने के लिए अक्सर कविताओं का इस्तेंमाल करते थे. उनका मौकों के हिसाब से कविताओं...

कहां है चंद्रशेखर आजाद का गांव ?

टीम हिन्दी भारतीय स्वतंत्रता संग्राम के महानायक कहे जाने वाले शहीद चंद्रशेखर आजाद का जन्म 23 जुलाई 1906 को मध्य प्रदेश के झाबुआ जिले के भाबरा गांव में हुआ था, जिसे अब 'आजादनगर' के नाम से जाना जाता है. शहीद चंद्रशेखर आजाद जी के पिता...

हुसैनीवाला, जहां है भगत सिंह की समाधि

टीम हिन्दी आप कट्टर से कट्टर राष्ट्रद्रोही को राष्ट्रीय शहीद स्मारक यानी जिधर शहीद-ए-आजम भगत सिंह और उनके दो साथियों राजगुरु और सुखदेव को फांसी दी गई थी, पर ले आइये. यकीन मानिए कि इधर का सारा मंजर और फिजाओं में राष्ट्र भक्ति और प्रेम...

जार्ज ग्रियर्सन : भाषा के प्रति संवेदनशील

टीम हिन्दी सर जार्ज अब्राहम ग्रियर्सन "लिंग्विस्टिक सर्वे ऑव इंडिया" के प्रणेता के रूप में अमर हैं. ग्रियर्सन को भारतीय संस्कृति और यहाँ के निवासियों के प्रति अगाध प्रेम था. भारतीय भाषा विज्ञान के वे महान उन्नायक थे. ग्रियर्सन को भारतीय संस्कृति और यहाँ के...

महाशय धर्मपाल : खुद ही लिखी किस्मत

टीम हिन्दी वर्ष 2019 में जिन लोगों को पद्म पुरस्कार दिया गया, उसमें सबसे बुजुर्ग रहे दिल्ली के महाशय धर्मपाल गुलाटी. महाशय धर्मपाल गुलाटी जी आज किसी परिचय के मोहताज़ नहीं. धर्मपाल गुलाटी भारत के एक उद्यमी तथा समाजसेवी हैं. एम डी एच (महाशिया दी...

भाषा को सरल बनाते रहीम के दोहे

टीम हिन्दी रहीम जी का व्यक्तित्व बहुत प्रभावशाली था. यह मुसलमान होकर भी कृष्ण भक्त थे. इन्होंने खुद को "रहिमन" कहकर भी सम्बोधित किया है. इनके काव्य में नीति, भक्ति, प्रेम और श्रृंगार का सुन्दर समावेश मिलता है. भाषा को सरल, सरस व मधुर बनाने...

सोच को नया तरीका दिया ओशो ने

टीम हिन्दी ओशो शब्द की मूल उत्पत्ति के सम्बन्ध में कई धारणायें हैं. एक मान्यता के अनुसार, खुद ओशो कहते है कि ओशो शब्द कवि विलयम जेम्स की एक कविता 'ओशनिक एक्सपीरियंस' के शब्द 'ओशनिक' से लिया गया है, जिसका अर्थ है 'सागर में विलीन...

अब्दुल हमीद: जिससे थर्र-थर्र कांपा था पाकिस्तान

टीम हिन्दी जब भी युद्ध होता है, तो उसमें बाहुबल के साथ जुनून और हौसला काफी अहम होता है. 1965 के युद्ध का जिक्र आते ही अब्दुल हमीद की वीरता का जिक्र जरूर आता है. भारत के इस वीर सपूत ने अपनी वीरता के बल...

जब इंदिरा गांधी के गुस्से का शिकार हुए किशोर दा

आपको जानकारी है कि लाखों जवां दिलों पर राज करने वाले किशोर कुमार भी आपातकाल के शिकार हुए थे ? आखिर क्यों उन्हें पूर्व प्रधानमंत्री इंदिरा गांधी का कोपभाजन होना पड़ा ? किशोर दा पर क्यों प्रतिबंध लगा ? आइए, हम पूरी बात बताते हैं....