पुरानी बातें

आंखों का काजल

हाल के दिनों में मशहूर कलाकार सपना चौधरी की तेरी आंख्या का ये काजल गीत पर पर डांस करते हुए विडियो खूब पसंद किया गया और खास कर युवाओं ने इस गीत पर खूब धूम-धड़ाका किया. क्या आपको पता है कि आंखों में काजल क्यों...

क्या है दस महाविद्या ?

टीम हिन्दी शक्ति के अपरम्पार रुप है. दस महाविद्या असल मे एक ही आदि शक्ति के अवतार है. वो क्रोध मे काली, सम्हारक क्रोध मे तारा और शिघ्र कोपि मे धूमवती का रुप धारण कर लेती है. दयाभाव मे प्रेम और पोषण मे वो भुवनेश्वरी,...

राग देश: पंडित भीमसेन जोशी का पसंदीदा राग

टीम हिन्दी राग देश अथवा देश खमाज थाट का राग है. इसके ऊपर कई प्रमुख गीत हैं, जिनमें सबसे जाना माना है वन्दे मातरम. शायद इसी गीत की परंपरा को आगे बढ़ाते हुए 1989 में दूरदर्शन पर प्रसारित किया गया यह गाना, ‘बजे सरगम हर...

ॐ से ही है आदि और अनंत

टीम हिन्दी ॐ को ओम कहा जाता है. उसमें भी बोलते वक्त 'ओ' पर ज्यादा जोर होता है. इसे प्रणव मंत्र भी कहते हैं. इस मंत्र का प्रारंभ है अंत नहीं. यह ब्रह्मांड की अनाहत ध्वनि है. अनाहत अर्थात किसी भी प्रकार की टकराहट या...

क्या आपने सुना है पखावज ?

टीम हिन्दी पखावज उत्तरी भारत का एक थाप यंत्र है. मृदंग पखावज और खोल लगभग समान संरचना वाले वाद्य यंत्र हैं.आधुनिक काल में गायन, वादन तथा नृत्य की संगति में पखावज का प्रयोग विशेष तौर पर किया जाने लगा है.पखावज एक वाद्य यंत्र है जो...

कलावा: सफलता का रक्षा सूत्र

टीम हिन्दी जब भी हम कोई नया कार्य शुरु करते हैं, तो सफलता की गारंटी सुनिश्चित करना चाहते हैं. इसके लिए परंपरा और लोकाचार का सहारा लेते हैं. इन्हीं परंपराओं में से एक है हाथों पर कलावा बांधना. कलावा को मौली भी कहते हैं. मौली...

प्रयागराज, जहाँ ब्रह्मा ने किया था पहला यज्ञ

प्रयागराज भारत के सबसे पुराने शहरों में से एक है. यह प्राचीन ग्रंथों में ‘प्रयाग’ या ‘तीर्थराज’ के नाम से जाना जाता है और इसे भारत के सबसे पवित्र तीर्थ स्थल माना जाता है. मान्यता अनुसार, यहां सृष्टिकर्ता ब्रह्मा ने सृष्टि कार्य पूर्ण होने के...

जब चलता था दूरदर्शन पर ‘हमलोग’

आज भले ही लोग दूरदर्शन को नहीं देखते हों. आज की पीढ़ी को उसके कार्यक्रम पसंद नहीं आते हों. लेकिन, एक समय था जब दूरदर्शन के अलावा कुछ भी नहीं था. जब रेडियो के बाद मनोरंजन का साधन टेलीविजन बना, तो वह एक सामाजिक प्रतिष्ठा...

क्यों बंद कराई गई चाणक्य धारावाहिक ?

चाणक्य कहें या कौटिल्य कहें. इनको किसी पहचान की जरूरत नहीं है. चाणक्य और इनकी नीतियाँ बहुत विख्यात हैं. कहते हैं जिसने चाणक्य की नीतियों का पालन कर लिया, वह इंसान सदैव खुश रहता है. चाणक्य ने अर्थशास्त्र, राजनीति, अर्थनीति, कृषि, समाजनीति, आदि पर कई...

यहां सूर्य बताते हैं समय

मंदिरों के शहर उड़ीसा में स्थित कोणार्क मंदिर अपनी प्रभावशाली कलिंग वास्तुकला के लिए जाना जाता हैं. यहाँ के राजा नरसिंह सूर्य भगवान के भक्त थे, जिन्होंने 100 फीट ऊँचे सूर्य के रथ का स्मारक को चित्रित किया. कोणार्क की उत्पति संस्कृत से हुई हैं,...

देवकी नंदन खत्री : भारतीय साइंस फिक्शन के जनक 

आजकल विदेशों में जिस तरह की साइंस फिक्शन फिल्मे बन रही है, क्या आप जानते हैं कि भारत में आज से तक़रीबन 150 साल पहले देवकीनंदन खत्री ने चंद्रकांता संतति जैसी उपन्यांस लिखकर इसकी शुरुआत कर दी थी. स्पाइडरमैन, जुमान्ज़ी, अवेंजेर्स और हैरी पॉटर में जिस...

दिल्ली : सात बार उजड़ी, फिर बसी हूं मैं

मैं दिल्ली हूँ, आज मैं जैसी दिख रही हूँ वैसी कभी रही नहीं. कई बार मुझे बसाया गया और उजाड़ा गया. भारत की आज़ादी से पहले और आज़ादी के बाद मैं ही सभी राजाओं की पहली पसंद रही हूँ, सभी मुझ पर ही शासन करना चाहते हैं,...