‘अगर मुझे अंग्रेजी भाषा का ज्ञान होता तो मैं बहुत कुछ कर लेता’, इस तरह की बातें हम कभी भी और कहीं भी आए दिन सुनते रहतें हैं. ऐसा लगता है अंग्रेजी कोई भाषा नहीं, गणित का एक ऐसा जटिल प्रश्न है, जिसे हल करना...
टीम हिन्दी भारत सांस्कृतिक विविधता के साथ ही साथ भाषाई विविधता वाला देश है। कोस-कोस पर बदले पानी चार कोस पर बदले वाणी की कहावत इसी परिपेक्ष्य में प्रचलित रही है। अनेक बदलावों के बाद भी आज भारत की सांस्कृतिक और भाषाई विविधता अपने मूल...
नई दिल्ली। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने शुक्रवार को भारत को एकजुट करने के लिए भाषा के उपयोग की वकालत करते हुए कहा कि देश में विभाजन पैदा करने के लिए निहित स्वार्थों के चलते अकसर भाषा का गलत इस्तेमाल किया गया है। मोदी ने मीडिया...
किसी भी राष्ट्र की पहचान उसकी भाषा और संस्कृति से होती है. 14 सितंबर 1949 को संविधान सभा ने एक मत से निर्णय लिया कि हिंदी ही भारत की राजभाषा होगी. देश के पहले प्रधानमंत्री जवाहरलाल नेहरू ने कहा कि इस दिन के महत्व देखते...