noushad

Noushad 1.

जब सफलता की गारंटी बन गया था नौशाद साहब का नाम

‘मन तड़पत हरी दर्शन को आज’, ‘नन्हा मुन्हा राही हूँ’, ‘यह गोटेदार लहंगा निकलू जब डाल के’, जैसे गाने आज कहाँ बनते हैं? आज तो धूम-धड़ाका वाले गाने ज्यादा पसंद किए जाते हैं. गानों की हम जब बात करते हैं, तो उसका संगीत और बोल...