कैसा था रावण का पुष्पक विमान ?

टीम हिन्दी रशियन फॉरेन इंटेलिजेंस सर्विज (एसवीआर) ने 2010 के एक रिपोर्ट में दावा किया कि प्राचीन भारत के पांच हजार वर्ष पुराने एक विमान को हाल ही में अफ‍गानिस्तान की एक गुफा में देखा गया है. रिपोर्ट में कहा गया है कि यह विमान...

हिन्दी के लिए गांधी जी का क्या था योगदान?  

टीम हिन्दी हमारे राष्ट्रपिता महात्मा गांधी भले ही खुद गुजरातीभाषी थे, लेकिन हिंदी को लेकर उनका योगदान अतुलनीय रहा है। जब दक्षिण अफ्रीका से गांधी भारत आए तो उनका पहला आंदोलन चंपारण से शुरू हुआ। संयोग से यह चंपारण आंदोलन का शताब्दी वर्ष भी है।...

हरेक सवारी पर भारी, साइकिल की सवारी

आज के इस आपाधापी वाले युग में वाहनों से निकलता धुंआ, और उनका शोर पर्यावरण को तो क्षति पहुंचा ही रहा है साथ ही साथ कहीं न कहीं वह हमें भी नुकसान पहुंचा रहा है। ऐसे में याद आती है साइकिल! इस दो पहिया वाहन...

हरेक विषय को हिंदी में सरल तरीके से समझाने हेतु प्रख्यात- पटना के खान सर

"स्वयं शिष्ट हो दम रखता हो सबको शिष्ट बनाने का,  क्षय करता हो दानवता का मानवता विकसाने का,  करता रहता काम निरन्तर छात्र हित सध जाने का,  ऐसे ही मानव को जग में हक है शिक्षक कहलाने का।" आज जहाँ शिक्षा को व्यापार बना दिया...

मथुरा में जन्माष्टमी की ऐसी है धूम

टीम हिन्दी हर साल भाद्रपद मास के कृष्ण पक्ष की अष्टमी तिथि पर भगवान श्रीकृष्ण का जन्मोत्सव मनाया जाता है। इस साल भगवान श्रीकृष्ण जन्माष्टमी कब मनाई जाए, व्रत कब किया जाए, इसे लेकर पंचांग भेद हैं। कुछ पंचांग में 23 अगस्त को और कुछ...
Hindi Matrbhasha

संस्कृति की संजीव संवाहक होती है हमारी मातृभाषा।

मातृभाषा का मतलब अक्सर यही निकाला जाता है कि जो भाषा या बोली बच्चे की माँ बोलती है वही मातृभाषा कहलाती है। यानी बच्चा अपनी माँ को जिस भी भाषा या बोली में बात करते हुए सुनता है वह वह उसकी भाषा भी बन जाती...

खिचड़ी के चार यार दही, पापड़, घी, अचार – रक्षा पंड्या

कभी खट्टा तो कभी मीठा, कभी चटपटा तो कभी तीखा। अलग - अलग स्वाद और सुगंध वाले इस व्यंजन की तो बात ही निराली है। जब कभी सब्जी या तरकारी न हो खाने में तब यही व्यंजन है जो रोटी के साथ अत्यधिक खाया जाता...

कहते हैं कि ‘ग़ालिब’ का है अंदाज़-ए-बयाँ और।

पूछते हैं वो कि 'ग़ालिब' कौन है कोई बतलाओ कि हम बतलाएँ क्या मिर्ज़ा असदुल्ला बेग खां, जिन्हें आज पूरा विश्व मिर्ज़ा ग़ालिब के नाम से जानता है, भारतीय उपमहाद्धीप के एक महत्वपूर्ण कवि थे। ग़ालिब का पूरा नाम मोहम्मद असदउल्लाह खान था। ग़ालिब को...
Guruji

स्वत्व और स्वाभिमान से प्रकाशित होने का पर्व है गुरु पूर्णिमा

गुरु पूर्णिमा अर्थात अंधकार से प्रकाश की ओर, अज्ञान से ज्ञान की ओर यात्रा और स्वाभिमान को जाग्रत कराने वाले परम् प्रवर्तक  के लिये नमन् दिवस । जो हमें अपने आत्मवोध, आत्मज्ञान और आत्म गौरव का भान कराकर हमारी क्षमता के अनुरूप जीवन यात्रा का...

गुरुजी ने दिया था सामाजिक समरसता पर सबसे अधिक जोर

टीम हिन्दी ‘जिस प्रकार किसी पेड़ के बढ़ते समय उसकी सूखी शाखाएँ गिरकर उनके स्थान पर नई-नई शाखाएँ खड़ी हो जाती हैं उसी प्रकार अपने समाज में भी एक समय विद्यमान वर्ण व्यवस्था में बदल कर अपने लिए आवश्यक नई रचना समाज करेगा. यह समाज...

अब अपनी वर्क डेस्क पर ही करे ये 5 आसान योगासन।

आजकल इस भागदौड़ भरी ज़िंदगी में हमारे पास अपने लिए थोड़ा सा भी समय नहीं है। और ऐसे में में हम कहीं न कहीं अपनी स्वास्थ्य संबंधी समस्याओं को भी अनदेखा करते रहते हैं। वर्क प्लेस पर सुबह से लेकर शाम तक एक ही जगह...

मानवता के लिए करे योग।

हर साल जून महीने की 21 तारीख को 'अंतरराष्ट्रीय योग दिवस' मनाया जाता है। सहक्रियता, दिल के लिए योग जैसी विभिन्न संकल्पनाओं के साथ पिछले कई सालों में योग दिवस बहुत ही कामयाबी से मनाया गया. इस साल के विश्व योग दिन की संकल्पना है,...

अज्ञानता के बादल को हटाने का माध्यम : योग

टीम हिन्दी भारत में योग की परंपरा उतनी ही पुरानी है जितनी कि भारतीय संस्कृति। किसी न किसी रूप में इसके साक्ष्य पूर्व वैदिक काल और हड़प्पा-मोहनजोदड़ो की सभ्यताओं से भी पहले से ही मौजूद रहे हैं। सालों में गिना जाय तो इसका इतिहास 10...