पुरानी बातें

कितना जानते हैं मां नर्मदा के बारे में, जिनकी है आज जयंती

आज पूरे मध्य प्रदेश में नर्मदा जयंती मनाई जा रही है। हिंदू पंचांग के अनुसार माघ माह के शुक्ल पक्ष की सप्तमी को मनाई जाती है। मप्र के मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान ने नर्मदा जयंती पर जीवनदायिनी मां नर्मदा को नमन किया है। देश और...

कैसा था रावण का पुष्पक विमान ?

टीम हिन्दी रशियन फॉरेन इंटेलिजेंस सर्विज (एसवीआर) ने 2010 के एक रिपोर्ट में दावा किया कि प्राचीन भारत के पांच हजार वर्ष पुराने एक विमान को हाल ही में अफ‍गानिस्तान की एक गुफा में देखा गया है. रिपोर्ट में कहा गया है कि यह विमान...

हिन्दी के लिए गांधी जी का क्या था योगदान?  

टीम हिन्दी हमारे राष्ट्रपिता महात्मा गांधी भले ही खुद गुजरातीभाषी थे, लेकिन हिंदी को लेकर उनका योगदान अतुलनीय रहा है। जब दक्षिण अफ्रीका से गांधी भारत आए तो उनका पहला आंदोलन चंपारण से शुरू हुआ। संयोग से यह चंपारण आंदोलन का शताब्दी वर्ष भी है।...
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ध्यान योग के वाहक महर्षि महेश योगी

आज की युवा पीढ़ी अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस को मनाती है. योग गुरु बाबा रामदेव और पतंजलि को पहचानी है. लेकिन, इसके साथ ही उसे महर्षि महेश योगी को भी जानना चाहिए, जिन्होंने भारत देश में ही नहीं, अपितु विश्व-भर में उन्होंने इस ध्यान योग के...
Fire Meditation

प्राचीन ऋषि-मुनियों की रोगोपचार हेतु पुरातन चिकित्सा पद्धति: अग्निहोत्र – रक्षा पंड्या

प्राचीनकाल में भारत 'आर्यावर्त' नाम से जाना जाता था। और इस आर्यावर्त का अर्थ होता था- 'सभ्य, सुसंस्कृत लोगों का देश, हमारे ऋषि-मुनियों का देश!' ये वो देश था जहाँ विदेशों से लोग आध्यात्मवाद सीखने आते थे, जहाँ केवल ऋषि-मुनि व तपस्वी ही नहीं बल्कि...
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नीम : जिससे कई बीमारी हो जाती हैं उड़न छू

भारतीय परिवेश और पर्यावरण के अनुकूल नीम एक ऐसा वनस्पति है, जो मानव जीवन की सुरक्षा करता है. भारत में नीम एक बहुत बड़ी औषधि है, जिसे कई हजारों वर्षों से उपयोग किया जा रहा है. आज के समय में बहुत सी अंग्रेजी दवाइयां नीम...

ऋगवेद : ऐतिहासिक ग्रन्थ जिसे समझना बाकी है

टीम हिन्दी ऋग्वेद भारत की ही नहीं सम्पूर्ण विश्व की प्राचीनतम रचना है। इसकी तिथि 1500 से 1000 ई.पू. मानी जाती है। कहा जाता है कि इसकी रचना सप्त-सैंधव प्रदेश में हुई थी। ऋग्वेद और ईरानी ग्रन्थ 'जेंद अवेस्ता' में समानता पाई जाती है। ऋग्वेद...

हिन्दी को राष्ट्रभाषा घोषित करे सरकार, तभी आएगा रामराज्य: महेश चंद्र शर्मा

नई दिल्ली। भारतीय जनता पार्टी के नेता और दिल्ली के पूर्व महापौर श्री महेश चंद्र शर्मा ने कहा कि सरकारी स्तर पर हिन्दी के नाम पर अधिकतर खाना पूर्ति होती है। हिन्दी पखवाड़ा और हिन्दी दिवस के अवसर पर सरकारी आयोजन होते रहे हैं, लेकिन...

क्या है गांधी टोपी का इतिहास ?

टीम हिन्दी जब भी देश में स्वतंत्रता दिवस, गणतंत्र दिवस आदि जैसे राष्ट्रीय महत्व के आयोजन होते हैं, तो गांधी टोपी पहने नेता और कार्यकर्ता देखने में आते हैं. यदि हम यह कहें कि गांधी टोपी आजादी की प्रतीक है, तो कोई अतिश्योक्ति नहीं होगी....

साहित्य में समृद्ध है सावन का स्वर

टीम हिन्दी सावन के महीने को बरसात ऋतु का पर्याय माना जाता है. इसी कारण, यह साहित्यकारों को बहुत प्रिय रहा है. साहित्य सर्जना के अंकुर फूट जाते हैं. संस्कृत साहित्य में अगर कालिदास के वर्षा ऋतु के वर्णन को सबसे अनुपम पक्ष माना जाता...

जिंदगी से रूबरू कराती मधुशाला

हरिवंश राय बच्चन की कालजयी कृतियों में से एक है मधुशाला. मधुशाला में बच्चन जी के व्यक्तित्व और जीवन दर्शन की झलक है. बच्चन हालावाद (वह कविता, जिसमें शराब और नायिका की प्रधानता हो) के प्रवर्तक माने जाते हैं. इनके काव्य में इस धारा का...

राजनीतिक शुचिता की मिसाल थी सुषमा स्वराज

 डॉ. नंद किशोर गर्ग  सुषमा स्वराज अब इस दुनिया में नहीं हैं। उनके न होने का अहसास मुझे अब तक नहीं हो रहा है। ऐसा लगता है मानो वह एक बार फिर मेरे सामने होंगी और हंसते हुए अपने चिरपरिचत अंदाज में कहेंगी कैसे है...

इतिहास के पन्नों में अशोक-1

अशोक स्तब्ध थे! कलिंग विजय ने आखिर उन्हें क्या मिला यह सोच वह रथ से पैदल ही उतर आए। चारों तरफ रक्त रंजित शव बिखरे हुए थे। उन शवों से उठने वाली दुर्गन्ध ने अशोक की साँसों को जैसे रोक दिया हो। बच्चे बूढ़े और जवानों की लाशों पर...
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विज्ञान की भाषा है संस्कृत

यदि यह कहा जाए कि संस्कृति आदि भाषा है, तो अतिश्योक्ति नहीं होगी. यह दुनिया की सबसे पुरानी भाषा है और इसे सब भाषाओं की जननी भी माना जाता है. इसे देववाणी अथवा सुर-भारती भी कहा जाता है. संस्कृत केवल स्वविकसित भाषा नहीं, बल्कि संस्कारित...

कब-कब पूजा जाता है चांद को?

टीम हिन्दी चांद पर न जाने कितने कवियों और शायरों ने रचनाएं रची हैं। चांद की तुलना प्रेमिका से भी की गई है। लेकिन, क्या आपको पता है कि भारतीय संस्कृति में चांद का कितना अधिक जुड़ाव है ? करवाचौथ । गणेश चतुर्थी, चौठ चंद्र।...